पाषाणकालीन शैलचित्र अमूल्य संपदा उपेक्षित

बुन्देलखण्ड के घने जगंलों और पहाणो मे पाषाण कालीन अद्दभुत और अनूठी संपदाएं छिपी है ,जिनका 16-17 साल पहले ही खोज लिया गया था लेकिन इनकी ओर न तो ध्यान दिया गया और न ही संरक्षित किए जाने जैसे कोई सार्थक कदम उठाये गए।

छतरपुर महाराजा कालेज मे कला संकाय के विभागाध्यक्ष प्रोफेसर एसके छारी का दावा है कि उन्होंने 2007 मे ही बुन्देलखण्ड के केदारनाथ के रूप मे प्रसिद्ध जटाशंकर धाम मे 40 हजार वर्ष पुराने शैलचित्र खोज लिए थे ।प्रोफेसर छारी का कहना है कि उनके छात्रों की से 10 से अधिक शोध पेपर इस संदर्भ मे प्रकाशित किए गये .

बक्सवाहा हीरा खनन मामले मे विरोध होता देख कर कुछ लोग इसे नष्ट कर अपना निजी हित चाह रहे है .  शरारती तत्व इस विरासत को नुकसान पहुचा रहे है .

Review पाषाणकालीन शैलचित्र अमूल्य संपदा उपेक्षित.

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