बाराबंकी के क्वारेन्टीन सेंटर में सामने आई बड़ी लापरवाही, हो सकते हैं गंभीर परिणाम

-NH Desk Barabanki (प्रदीप सारंग)
बाराबंकी में एक बार फिर कोरोना ने दस्तक दे दी है। सिद्धौर निवासी एक व्यवसायी की पत्नी लखनऊ से आती हैं और कुछ दिन बाद पॉजिटिव हो जाती हैं।वैसे तो यह केस बाहर से आया हुआ है किंतु अब सिद्धौर के लोगों पर खतरा ही खतरा मंडरा रहा है।
बाराबंकी के जिलाधिकारी डॉ आदर्श सिंह ने जनपद को सुरक्षित बनाये रखने हेतु जो रणनीति अपनाई है और जिस प्रकार से वे रात दिन पूरे अमले जमले के साथ जुटे हुए हैं वह न सिर्फ काबिले तारीफ है बल्कि अनुकरणीय भी है। सिद्धौर के आम जनमानस को यह बात जितनी जल्दी समझ में आ जाये उतना ही अच्छा होगा ।
मेरे कई मित्र व सहपाठी सिद्धौर के निवासी हैं इन्ही लोगों से मिली जानकारी के अनुसार सिद्धौर में लापरवाही का आलम चरम पर है। इस लापरवाही में स्थानीय प्रशासन व आम-जन दोनों में कोई कम नहीं है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार आज सुबह तड़के भी बड़ी संख्या में लोग सोशल डिस्टनसिंग को नजर अंदाज करते हुए टहलने निकले हैं। यद्यपि जिला प्रशासन के निर्देश पर प्रत्येक वार्ड में निगरानी समिति बनाई गई हैं और कैमरे भी लगाए जा रहे हैं। इन सबके बावजूद सिद्धौर निवासी कोरोना संक्रमण को लेकर संजीदा नही दिख रहे हैं।
एक और बानगी देखिए तथा आप स्वयं लापरवाही का आंकलन करिए। शनिवार को सिद्धौर के हटिया मुहल्ला निवासी एक 26 वर्षीय युवक को कोरेन्टीन कराया जाता है और उसे पूरे मक्का वार्ड के प्राथमिक विद्यालय में रखा जाता है। उसके खाने पीने का कोई इंतेजाम नहीं होने से जब उसकी भूख बढ़ती है तो विद्यालय के पास खेल रहे एक 9 वर्षीय बालक को बुलाकर 10 रुपये की नोट देकर बिस्कुट लाने को बोलता है। वह बालक रुपए लेकर एक दुकान जाता है बिस्किट नही मिलता है और वापिस आकर उसे रुपये लौटा देता है। इस युवक को वर्तमान में अन्यत्र स्थानांतरित कर दिया गया है। बालक का विद्यालय भवन तक खेलने जाना, कोरेन्टीन युवक को भोजन न मिलना, बिस्किट मंगवाने के लिए बालक को रुपये देना, आदि सब लापरवाही की बानगी भर है। बालक के घर वालों को भी न पता होगी ये पूरी दास्तान।
जो भी है मेरी सभी से (स्थानीय प्रशासन से तथा आमजन से) अपील है कि इतनी लापरवाही का व्यवहार कतई उचित नहीं है। कृपया सतर्कता अपनाएं, सिद्धौर बचाएं।

Review बाराबंकी के क्वारेन्टीन सेंटर में सामने आई बड़ी लापरवाही, हो सकते हैं गंभीर परिणाम.

Your email address will not be published. Required fields are marked *